सीबीएसई ने 12वीं रिजल्ट री-इवैल्यूएशन को लेकर बड़ा फैसला लिया है। बोर्ड ने 12वीं क्लास के उन छात्रों को बड़ी राहत दी है, जिन्हें लगता है कि उनके सीबीएसई बारहवीं बोर्ड परिणाम में और अच्छे मार्क्स आ सकते हैं। लेकिन अधिक फीस होने की वजह से री-इवैल्यूएशन का फायदा नहीं उठा पा रहे थे।
सीबीएसई ने 12वीं री-इवैल्यूएशन फीस घटाकर उन छात्रों को एक और मौका दिया है, जिन्हें लगता है कि उनके ज्यादा मार्क्स आ सकते हैं।ऐसे छात्र सीबीएसई की री-इवैल्यूएशन प्रक्रिया का फायदा उठाने के लिए ऑनलाइन अप्लाई कर सकते हैं। बोर्ड आंसरशीट देखने की फीस काफी कम कर दी है। यह फैसला सीबीएसई 12वीं ऑन-स्क्रीन मार्किंग सिस्मट (OSM) उठे गंभीर सवालों के बीच आया है। सीबीएसई 12वीं कॉपी चेकिंग की प्रक्रिया दो स्टेज में होगी- पहली आंसरशीट की स्कैंड कॉपी लेना और दूसरी वेरिफिकेशन। सीबीएसई सर्कुलर के अनुसार, पहले फेज में स्टूडेंट्स को सबसे पहले अपनी जांची हुई आंसरशीट्स की स्कैन की हुई कॉपी ऑनलाइन प्राप्त करने के लिए आवेदन करना होगा। दूसरे फेज में, उम्मीदवार या तो ‘पाई गई कमियों के वेरिफिकेशन’ के लिए या फिर ‘उत्तरों के पुनर्मूल्यांकन’ के लिए आवेदन कर सकते हैं।![]()
700 से घटकर 100 रुपये हुई आंसरशीट देखने की फीस
केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) द्वारा जारी पहले नोटिस के अनुसार, जो छात्र 12वीं क्लास की आंसरशीट चेक करने चाहते हैं, उन्हें 700 रुपये फीस जमा करनी थी। लेकिन अब इसे घटाकर 100 रुपये कर दिय गया है। बोर्ड ने वेरिफिकेशन प्रोसेस शुरू होने से ठीक पहले यह फैसला लिया है। आंसर-की स्कैन की हुई कॉपी प्राप्त करने के ऑनलाइन प्रोसेस 19 मई से शुरू होगा और 22 मई तक चलेगा। छात्रों के हिसाब से आंसरशीट्स में जो कमियां होंगी उनका वेरिफिकेशन और पुनर्मूल्यांकन 26 मई से शुरू होगा। स्टूडेंट्स 26 मई से 29 मई तक ऑनलाइन अप्लाई कर सकेंगे। सत्यापन के अनुरोधों के लिए प्रति उत्तर पुस्तिका 500 रुपये का शुल्क लगेगा, जबकि पुनर्मूल्यांकन के लिए प्रति प्रश्न 100 रुपये का शुल्क लगेगा।ध्यान रहे, स्टूडेंट को सिर्फ एक बार ही आवेदन करने का मौका मिलेगा। साथ ही री-इवैल्यूएशन के बाद अगर 1 नंबर कम भी होता है तो उसे लागू किया जाएगा। नंबर कम या ज्यादा होने पर स्टूडेंट्स को मार्कशीट या सर्टिफिकेट बोर्ड को देने होंगे और नई मार्कशीट जारी की जाएगी। अधिक जानकारी के लिए बोर्ड की वेबसाइट पर विजिट कर सकते हैं।
शिक्षा मंत्रालय का कहना है कि CBSE पेपर चेकिंग मे AI का प्रयोग नहीं किया गया। OSM में जो 13000 आंसर शीट मैनुअली चेक हुई, उनको ऑनलाइन पढ़ना मुमकिन नहीं हुआ, स्टूडेंट्स को बताया जाएगा कि इस मुद्दे पर क्या किया जा सकता है। बता दें कि सीबीएसई 12वीं बोर्ड रिजल्ट 13 मई 2026 को घोषित किया गया था। इस साल 17,80,365 छात्रों ने बारहवीं बोर्ड परीक्षा के लिए रजिस्ट्रेशन कराया था। कुल 17,68,968 स्टूडेंट्स बोर्ड परीक्षा में बैठे थे, लेकिन कुल 15,07,109 यानी 85.20% स्टूडेंट्स पास हुए हैं। पिछले साल के पास प्रतिशत (88.39%) से -3.19% और 7 साल में सबसे कम पास प्रतिशत दर्ज किया गया है।